हिमकेयर में बदला इलाज के खर्च का हिसाब, सरकारी अस्पतालों को अब कम राशि की ही मिलेगी प्रतिपूर्ति Himgiri Samacharr Posted at: Aug 28, 2026 शिमला, 28 अगस्त। हिमाचल प्रदेश सरकार ने हिमकेयर योजना में इलाज के खर्च की प्रतिपूर्ति के नियम बदल दिए हैं। अब सरकारी अस्पतालों, मेडिकल कॉलेजों और डेंटल कॉलेजों को हिमकेयर के तहत इलाज पर हुए वास्तविक खर्च या निर्धारित पैकेज दर में से जो राशि कम होगी, उतनी ही राशि की प्रतिपूर्ति का दावा करने की अनुमति होगी। यह व्यवस्था तत्काल प्रभाव से लागू कर दी गई है। चिकित्सा शिक्षा एवं अनुसंधान विभाग ने 27 अगस्त को इस संबंध में अधिसूचना जारी की है। नए आदेश के अनुसार सरकारी अस्पताल मरीजों को हिमकेयर के तहत नकद रहित इलाज देंगे और इलाज के लिए जरूरी दवाएं, सामान, उपभोग की वस्तुएं और सर्जिकल सामग्री उपलब्ध कराएंगे।सरकारी बजट से मिली दवाओं और सामग्री का हिमकेयर में अलग से दावा नहींसरकार ने नए नियम में यह भी स्पष्ट किया है कि इलाज के लिए इस्तेमाल होने वाली ऐसी दवाएं, सामान, उपभोग की वस्तुएं और सर्जिकल सामग्री, जो पहले से सरकारी आपूर्ति में उपलब्ध हैं या राज्य सरकार अथवा राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अलग बजट से उपलब्ध कराई जा रही हैं, उनके खर्च का दावा हिमकेयर के तहत नहीं किया जा सकेगा। अस्पताल इलाज पर हुए वास्तविक खर्च और हिमकेयर साथी के पारिश्रमिक का दावा कर सकेंगे, लेकिन प्रतिपूर्ति निर्धारित पैकेज दर से अधिक नहीं होगी। यह आदेश 8 अप्रैल 2026 को जारी की गई विभाग की पिछली अधिसूचना के स्थान पर लागू किया गया है। सरकार ने कहा है कि मरीजों को इलाज के दौरान जरूरी सामग्री उपलब्ध कराने की जिम्मेदारी अस्पतालों की होगी और इसके लिए मरीजों से अलग से भुगतान नहीं लिया जाएगा।पूर्व भाजपा सरकार ने शुरू की थी हिमकेयर योजनाहिमकेयर योजना पूर्व की भाजपा सरकार के कार्यकाल में शुरू की गई थी। योजना का उद्देश्य पात्र परिवारों को अस्पताल में इलाज के दौरान आर्थिक सहायता और नकद रहित उपचार की सुविधा देना है। अब सुक्खू सरकार ने योजना के तहत सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में होने वाले खर्च और उसकी प्रतिपूर्ति की प्रक्रिया को लेकर नई व्यवस्था की है। 100 करोड़ से अधिक की कथित गड़बड़ी की आशंका, एसआईटी कर चुकी है पूछताछहिमकेयर में यह बदलाव ऐसे समय हुआ है जब वर्तमान सुखविंद्र सिंह सुक्खू सरकार ने योजना में कथित अनियमितताओं को लेकर विजिलेंस जांच भी शुरू कर रखी है। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने योजना में करीब 100 करोड़ रुपये से अधिक की गड़बड़ियों और सरकारी धन के दुरुपयोग की आशंका जताई है। मामले की जांच के लिए विशेष जांच दल बनाया गया है। विशेष जांच दल पूर्व मेडिकल सुपरिंटेंडेंट और भाजपा विधायक डॉ. जनक राज से भी लंबी पूछताछ कर चुका है। हालांकि इन आरोपों और जांच में सामने आए तथ्यों पर अंतिम स्थिति जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगी। RELATED NEWS शिमला जिला परिषद के नतीजे कांग्रेस के लिए निराशाजनक, समीक्षा की जरूरत : रोहित ठाकुर Himgiri Samacharr 9/11/2026 6:37:30 AM आगे देखे.. हिमाचल लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष कैप्टन रामेश्वर सिंह ठाकुर का कार्यकाल समाप्त, पद पर नए चेहरे की तैयारी Himgiri Samacharr 9/11/2026 6:35:05 AM आगे देखे.. हिमाचल में मानसून पड़ा धीमा, 17 सितंबर तक भारी बारिश का अलर्ट नहीं Himgiri Samacharr 9/11/2026 6:33:19 AM आगे देखे.. एआई के ‘80 के दशक’ में पहुंचा हिमाचल का सियासी कुनबा, नेताओं ने साझा कीं रेट्रो तस्वीरें Himgiri Samacharr 9/11/2026 6:30:40 AM आगे देखे.. प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य प्रसंस्करण योजना में शिमला को मिला बेस्ट परफॉर्मेंस का अवार्ड Himgiri Samacharr 9/7/2026 6:35:58 AM आगे देखे.. सीबीएसई स्कूलों में शिक्षकों का ड्रेस कोड और छात्रों की यूनिफॉर्म जल्द होगी तय: सुक्खू Himgiri Samacharr 9/7/2026 6:33:55 AM आगे देखे.. हिमाचल में 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक सेवा संकल्प अभियान चलाएगी भाजपा: बिंदल Himgiri Samacharr 9/7/2026 6:31:33 AM आगे देखे.. हिमाचल में 12 सितंबर तक बारिश के आसार, भूस्खलन से 78 सड़कें अवरुद्ध Himgiri Samacharr 9/6/2026 6:03:34 AM आगे देखे.. कालका-शिमला हेरिटेज रेललाइन को पर्यटन से जोड़ने की कवायद, रील और शॉर्ट वीडियो से होगा प्रचार Himgiri Samacharr 9/6/2026 5:56:48 AM आगे देखे.. 0 Comments leave a comment Comment *Full name *Email address