शिमला, 23 सितंबर। हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय में छात्र संगठन से जुड़े कार्यकर्ताओं के कुलपति कार्यालय परिसर में पहुंचने और उनके बैग से दराट व रॉड मिलने के बाद पुलिस ने नौ युवकों को गिरफ्तार किया है। मामले के अनुसार मंगलवार को कुलपति कार्यालय परिसर में पहुंचे दो युवकों की तलाशी के दौरान उनके बैग से दराट और रॉड बरामद हुई थी। इसके बाद कानून-व्यवस्था की स्थिति और पुलिस के काम में बाधा डालने के मामले में बीती रात सात युवकों को गिरफ्तार किया गया। इससे पहले विधि विभाग के बाहर छात्र से मारपीट, रास्ता रोकने और जान से मारने की धमकी के मामले में दो अन्य युवकों को गिरफ्तार किया गया था। गिरफ्तार नौ युवकों में कमलेश (35) निवासी करसोग जिला मंडी प्रवेश निवासी शिलाई जिला सिरमौर मुकेश निवासी चूराह जिला चंबा, आशीष निवासी ननखड़ी जिला शिमला, किशोर कुमार निवासी कुल्लू सदर जिला कुल्लू, हैप्पी निवासी थुनाग जिला मंडी, चमन निवासी चूराह जिला चंबा, अखिल कुमार (21) निवासी जिला चंबा और आदित्या (23) निवासी जिला सिरमौर शामिल हैं।
पुलिस ने सात युवकों को कानून-व्यवस्था के मामले में पकड़ा
पुलिस के अनुसार बुधवार को विश्वविद्यालय परिसर में कानून-व्यवस्था की ड्यूटी के दौरान कुछ युवकों ने पुलिस के काम में बाधा डालने का प्रयास किया। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए त्वरित कार्रवाई दल की मदद ली गई और सात युवकों को पुलिस थाना बालूगंज ले जाया गया। पुलिस रपट के आधार पर भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धाराओं 126 और 170 के तहत कमलेश, प्रवेश, मुकेश, आशीष, किशोर कुमार, हैप्पी और चमन को गिरफ्तार किया गया। पुलिस के अनुसार सभी गिरफ्तार युवकों का मेडिकल परीक्षण करवाया गया और उन्हें नियमानुसार थाना हवालात में रखा गया। उन्हें सक्षम प्राधिकारी के समक्ष पेश किया जा रहा है।
एक दिन पहले मारपीट के मामले में दो गिरफ्तार
पुलिस के अनुसार 22 सितंबर को विश्वविद्यालय के विधि विभाग के बाहर एक छात्र के साथ मारपीट, रास्ता रोकने और जान से मारने की धमकी देने की शिकायत मिली थी। इस संबंध में पुलिस थाना बालूगंज में भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने इस मामले में अखिल कुमार और आदित्या को गिरफ्तार किया। घटना के बाद परिसर में छात्र संगठनों के बीच तनाव की स्थिति बनी हुई थी। इसी दौरान कुलपति कार्यालय परिसर में दो युवकों के पहुंचने और उनके बैग से दराट व रॉड मिलने की घटना सामने आई।
छात्र संगठनों ने एक-दूसरे पर लगाए आरोप
घटनाओं के बाद विश्वविद्यालय परिसर में पुलिस की मौजूदगी बढ़ा दी गई है और आने-जाने वाले लोगों की जांच की जा रही है। एसएफआई परिसर इकाई अध्यक्ष मुकेश ने कहा कि अखिल और आदित्य कुलपति कार्यालय परिसर में किसी से लड़ाई करने के उद्देश्य से नहीं गए थे। उनका कहना है कि बैग में मिला सामान उनके निजी काम से जुड़ा था। दूसरी ओर अभाविप की प्रदेश मंत्री नैंसी अटल ने आरोप लगाया कि एसएफआई कार्यकर्ता हथियारों के साथ कुलपति कार्यालय पहुंचे और विश्वविद्यालय का माहौल प्रभावित हो रहा है। उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। पुलिस दोनों मामलों की जांच कर रही है।